इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) हिंदी - 2019
भजन संहिता 53
मनुष्य की मूर्खता और दुष्टता
प्रधान बजानेवाले के लिये महलत की राग पर दाऊद का मश्कील
मूर्ख ने अपने मन में कहा, “कोई परमेश्वर है ही नहीं।”
वे बिगड़ गए, उन्होंने कुटिलता के घिनौने काम किए हैं;
कोई सुकर्मी नहीं।
परमेश्वर ने स्वर्ग पर से मनुष्यों के ऊपर दृष्टि की
ताकि देखे कि कोई बुद्धि से चलनेवाला
या परमेश्वर को खोजनेवाला है कि नहीं।
वे सब के सब हट गए; सब एक साथ बिगड़ गए;
कोई सुकर्मी नहीं, एक भी नहीं। (भज. 14:1-3, रोम. 3:10-12)
क्या उन सब अनर्थकारियों को कुछ भी ज्ञान नहीं,
जो मेरे लोगों को रोटी के समान खाते है
पर परमेश्वर का नाम नहीं लेते है?
वहाँ उन पर भय छा गया जहाँ भय का कोई कारण न था।
क्योंकि यहोवा ने उनकी हड्डियों को, जो तेरे विरुद्ध छावनी डाले पड़े थे, तितर-बितर कर दिया;
तूने तो उन्हें लज्जित कर दिया1 इसलिए कि
परमेश्वर ने उनको त्याग दिया है।
भला होता कि इस्राएल का पूरा उद्धार सिय्योन से निकलता!
जब परमेश्वर अपनी प्रजा को बन्धुवाई से लौटा ले आएगा।
तब याकूब मगन और इस्राएल आनन्दित होगा।
Source notes (1)
- Footnote तो उन्हें लज्जित कर दिया: अर्थात्, वे पराजय के कारण, अपने प्रयासों में सफल न होने के कारण लज्जित हो गए।
इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) हिंदी - 2019. Copyright © 2017, 2018, 2019 Bridge Connectivity Solutions. Licensed under CC BY-SA 4.0. Source: eBible.org. Typeset from the source files; no intended changes to scripture wording. BibleKenya is not endorsed by the rights holder.
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